सागर लहरें

Monday, 30 November 2020

हम उसी के हैं....

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बात  दिल की कभी होठो  पे  लाई  न गई ,  हम  उसी  के  हैं , उसी  से  बताई  न गई ! रात , सिरहाने  बैठी  थपकियाँ  देती रही , आंखों से पल, एक पलक...
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Saturday, 28 November 2020

ग़ज़ल

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खोल दी आज खिड़कियां रश्मियों ने आवाज दी है हो गया सबेरा परिंदों की टोलियों ने आवाज दी है मिट पायी नही कभी जिन्दगी की ये तल्खियाँ आज किसी  की ...
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Thursday, 26 November 2020

ऐसा कोई गीत लिखो प्रिय.....

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ऐसा कोई गीत लिखो प्रिय  आसूं मुस्कानों में ढल जाए बीच धार में बहती कश्ती को... शाहिल का सहारा मिल जाए।। आहों के गांव बसे हैं धरती पर  पीड़ा क...
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Friday, 20 November 2020

कली आत्मा भौरें. ...

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कली  आत्मा भौरें  दुर्गुण तन है माया जाल जीवन तृष्णा में उलझा भटक रहा मन बेहाल।। अंधेरा बहुरूपिया ,(कोरोना)आये धर कर बहुरूप आशा विजयी,झिलमिल...
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Thursday, 5 November 2020

जो मिला नही उसका कुछ गिला नही.......

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वो दर्द जो गया नही वो जज़्बात जो कहा नही नीर आंखों से झरते रहे विकल मन कुछ कहा नही।। जो  मिला नही मुझे उसका कुछ गिला नही, उम्मीदों की लौ बुझी...
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Tuesday, 3 November 2020

दुनिया का चलन....

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सीखने लगे सबक **************** दुनिया का चलन  लगे सीखने सबक बहुत नादान थे हम  समझ न पाए सबब। छल प्रपंच से भरी है ये दुनिया सारी देखी जो बेहा...
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Wednesday, 28 October 2020

नारी अस्मिता पर चोट कब तक?

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नारी अस्मिता पर चोट कब तक???       ********0*******     जीवन उपवन इतना सूना क्यों है     राहों  पर  इतना  सन्नाटा  क्यों है     सहमी सहमी डर...
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उर्मिला सिंह
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